ज्ञानसागर ब्लॉग में आपका हार्दिक अभिनंदन है !! किसी भी सुझाव,विचार,विमर्श के लिए संपर्क करे 8802939520

Header Ads



एक सामाजिक चिंतन - दिल्ली मेट्रो का प्रचार के नाम पर बेहूदापन !! | Gyansagar ( ज्ञानसागर )



दिल्ली मेट्रो में सफर के दौरान आपको कई जगह विमल पान मसाला और अन्य गुटखा के प्रचार दिख जायेंगे !! मै ये सब नही खाता पर मै गुटखा खाने वालो से आग्रह करूँगा कि वो कृपया करके मेट्रो परिसर में जमकर थूके क्योंकि एक तरफ ये गुटखा खाने के लिए प्रेरित करते है और दूसरी तरफ जुरमाना का भय दिखाते है !! एक आम नागरिक को चाहिए कि इनके दोगले पन को समझे क्योंकि अश्लील पोस्टर और नशीले चीजो को प्रचारित करके मेट्रो परिसर को न ये केवल गंदा करते है बल्कि हमे ऐसी चीजे खरीदने के लिए अप्रत्यक्ष रूप से बाध्य करते है !! प्र्रेगा न्यूज़ हो य अन्य कोई भी चीज ये गलत है !! हर जगह दीपिका और आलिया की तस्वीर देखकर यही लगता है कि एक प्यारे से कुत्ते का फोटो लगा देते वो ज्यादा अच्छा लगता क्योंकि वो नंगे ही अच्छे दीखते है पर जिन्हें वस्त्रों में होना चाहिए वो उप्पर की दो बटन खोलकर जनता को मोहित और आकर्षित करके जनता को ऐसी चीजों के प्रति बाध्य करते है और न केवल बाध्य बल्कि अभारतीयता को भी बढ़ावा देते है !! ऐसे लोगों का निश्चित ही बहिष्कार होना चाहिए ! जयश्रीराम


  
सारांश सागर

सारांश सागर द्वारा प्रकाशित किया गया

अनुभव को सारांश में बताकर स्वयं प्रेरित होकर सबको प्रेरित करना चाहता हूँ !                

No comments

Powered by Blogger.