Aaj Ka Panchang | Aaj Ki Tithi | आज का पंचांग | आज की तिथि | 31st March 2026

Aaj Ka Panchang | Aaj Ki Tithi | आज का पंचांग | आज की तिथि | 31st March 2026


🌞दैनिक पंचांग🌞

 🌥️दिनांक - 31 मार्च 2026
🌥️दिन - मंगलवार
🌥️विक्रम संवत् - 2083
🌥️संवत्सर - विश्वावसु
🌥️अयन - उत्तरायण
🌥️ऋतु - बसंत
🌥️मास - चैत्र
🌥️पक्ष - शुक्ल
🌥️सूर्य राशि - मीन
🌥️चंद्र राशि - सिंह रात्रि 09:32 तक तद्पश्चात कन्या
🌥️सूर्योदय - 06:13
🌥️सूर्यास्त - 06:34 (सूर्योदय एवं सूर्यास्त नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️तिथि - त्रयोदशी प्रातः 06:55 तक तद्पश्चात चतुर्दशी (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️नक्षत्र - पूर्वाफाल्गुनी दिन 03:20 तक तद्पश्चात उत्तराफाल्गुनी (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️योग - गण्ड दिन 03:41 तक तद्पश्चात वृद्धि (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️राहुकाल - दिन 03:29 से दिन 05:01 तक (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️दिशा शूल 👉🏻 उत्तर दिशा में
🌥️अग्निवास: 👉🏻 आकाश/पाताल - अशुभ
🌥️चन्द्र वास: 👉🏻 पूर्व
🌥️शिववास: 👉🏻 नंदी पर - अभीष्ट सिद्धि प्रातः 06:55 तक तद्पश्चात भोजन में - पीणा
🌥️ब्रह्ममुहूर्त - प्रातः 04:40 से प्रातः 05:26 तक (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️अभिजीत मुहूर्त - दिन 11:59 से दिन 12:48 तक (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️निशिता मुहूर्त - रात्रि 12:00 से रात्रि 12:46 अप्रैल 01 तक (नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
⛅व्रत, पर्व आदि विवरण - महावीर स्वामी जयंती

🔻पद, चरण🔻
(नामकरण हेतु नामाक्षर सूचक)

3 टी→पूर्वा फाल्गुनी 09:10 AM तक
4 टू→ पूर्वा फाल्गुनी 03:20 PM तक
1 टे→ उत्तरा फाल्गुनी 09:32 PM तक
2 टो→उत्तरा फाल्गुनी 03:46 AM  अप्रैल 01 तक

🔶चोघडिया, दिन🔶
(शुभ कार्यों के लिये मुहूर्त सूचक समय सारणी)

रोग 06:22 से 07:54 तक अशुभ
उद्वेग 07:54 से 09:26 तक अशुभ
चर 09:26 से 10:59 तक शुभ
लाभ 10:59 से 12:31 तक शुभ
अमृत 12:31 से 14:04 तक शुभ
काल 14:04 से 15:36 तक अशुभ
शुभ 15:36 से 17:08 तक शुभ
रोग 17:08 से 18:41 तक अशुभ

🔶चोघडिया, रात🔶
(शुभ कार्यों के लिये मुहूर्त सूचक समय सारणी)

काल 18:41 से 20:08 तक अशुभ
लाभ 20:08 से 21:36 तक शुभ
उद्वेग 21:36 से 23:03 तक अशुभ
शुभ 23:03 से 24:31 तक शुभ
अमृत 24:31 से 25:58 तक शुभ
चर 25:58 से 27:26 तक शुभ
रोग 27:26 से 28:53 तक अशुभ
काल 28:53 से 30:21 तक अशुभ

🌥️विशेष - त्रयोदशी को बैंगन खाने से पुत्र का नाश होता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंड: 27.29-34)

पञ्चाङ्ग निर्माता पं. श्री दीपेश शास्त्री जी

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