🌞दैनिक पंचांग🌞
🌥️ दिनांक - 22 अप्रैल 2026
🌥️ दिन - बुधवार
🌥️ विक्रम संवत् - 2083
🌥️ संवत्सर - विश्वावसु
🌥️ अयन - उत्तरायण
🌥️ ऋतु - ग्रीष्म
🌥️ मास - वैशाख
🌥️ पक्ष - शुक्ल
🌥️ सूर्य राशि - मेष
🌥️ चंद्र राशि - मिथुन
🌥️ सूर्योदय - 05:53
🌥️ सूर्यास्त - 06:42
(समस्त मूहुर्त नर्मदापुरम मानक समयानुसार)
🌥️तिथि - षष्ठी रात्रि 10:49 तक तद्पश्चात सप्तमी
🌥️नक्षत्र - आद्रा रात्रि 10:13 तक तद्पश्चात पुनर्वसु
🌥️योग - अतिगण्ड सुबह 09:08 तक तद्पश्चात सुकर्मा
🌥️राहुकाल - दिन 12:18 से दिन 01:54 तक
🌥️दिशा शूल 👉🏻 उत्तर दिशा में
🌥️अग्निवास: 👉🏻 पृथ्वी- शुभ
🌥️चन्द्र वास: 👉🏻 पश्चिम
🌥️शिववास: 👉🏻 नंदी पर - अभिष्टसिद्धि रात्रि 10:49 तक तद्पश्चात भोजन में - पीणा
🌥️ब्रह्ममुहूर्त - प्रातः 04:24 से प्रातः 05:08 तक
🌥️अभिजीत मुहूर्त - कोई नहीं
🌥️निशिता मुहूर्त - रात्रि 11:55 से रात्रि 12:40 अप्रैल 23 तक
⛅व्रत,पर्व आदि विवरण- रवि योग, रामानुज जयंती, पृथ्वी दिवस, स्कन्द षष्ठी
🔻पद, चरण🔻
(नामकरण हेतु नामाक्षर सूचक)
2 घ→ आद्रा 11:02 AM तक
3 ङ→ आद्रा 04:36 PM तक
4 छ→ आद्रा 10:13 PM तक
1 के→ पुनर्वसु 03:51 AM अप्रैल 23 तक
🔶 चोघड़िया, दिन 🔶
(शुभ कार्यों के लिये मुहूर्त सूचक समय सारणी)
लाभ 05:53 से 07:29 तक शुभ
अमृत 07:29 से 09:06 तक शुभ
काल 09:06 से 10:42 तक अशुभ
शुभ 10:42 से 12:18 तक शुभ
रोग 12:18 से 13:54 तक अशुभ
उद्वेग 13:54 से 15:30 तक अशुभ
चर 15:30 से 17:06 तक शुभ
लाभ 17:06 से 18:42 तक शुभ
🔶 चोघड़िया, रात 🔶
(शुभ कार्यों के लिये मुहूर्त सूचक समय सारणी)
उद्वेग 18:42 से 20:06 तक अशुभ
शुभ 20:06 से 21:30 तक शुभ
अमृत 21:30 से 22:54 तक शुभ
चर 22:54 से 24:17 तक शुभ
रोग 24:17 से 25:41 तक अशुभ
काल 25:41 से 27:05 तक अशुभ
लाभ 27:05 से 28:29 तक शुभ
उद्वेग 28:29 से 29:52 तक अशुभ
🌥️विशेष - षष्ठी को नीम की पत्ती, फल या दातून मुंह मे डालने से नीच योनियों की प्राप्ति होती है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंड: 27.29-34)
पञ्चाङ्ग निर्माता पं. श्री दीपेश शास्त्री जी
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